Audio Cassette

  प्यारी ऑडियो कैसेट, तुमसे हमारी कितनी सारी म्यूज़िकल यादें जुड़ी हुई हैं. टेप में खुद उल्टा लगकर सीधे, सच्चे गीत सुनाती थीं तुम! नई फिल्म रिलीज़ हुई नहीं कि उसकी कैसेट खरीदने की होड़ लग जाती थी. ड्राइंग रूम […]

Continue Reading

Ghar Ke Bank

  प्यारे घर के बैंक, बचपन में एक घर के अंदर कितने छोटे-छोटे बैंक हुआ करते थे. हम जब चाहे उनसे पैसे विदड्रॉ कर लिया करते थे. माँ की साड़ी के पल्लू के कोने में तो मानो लक्ष्मीजी का वास […]

Continue Reading

Slate Patti

  प्यारी स्लेट पट्टी, दराज़ में कुछ ढूंढते-ढूंढते अचानक तुम हाथ में आ गईं…बचपन की कितनी यादें आँखों में छा गईं. माँ ने अपने कोमल हाथों से मेरा हाथ पकड़कर, अक्षरों का पहला पाठ तुम पर ही तो दिया था…तुम्हारी […]

Continue Reading